सिडनी: ऑस्ट्रेलिया के पूर्व सलामी बल्लेबाज डेविड वॉर्नर ड्रिंक-एंड-ड्राइव मामले में कोर्ट में पेशी के दौरान एक बड़े हादसे का शिकार होने से बाल-बाल बच गए। सिडनी की वेवर्ली लोकल कोर्ट में सुनवाई के बाद जैसे ही वॉर्नर बाहर निकले, ऑस्ट्रेलियाई मीडिया के रिपोर्टर्स और कैमरामैन उनसे सवाल-जवाब करने के लिए उनके पीछे लग गए।
हालांकि, वॉर्नर ने मीडिया से पूरी तरह दूरी बनाए रखी और बिना कोई जवाब दिए तेजी से आगे बढ़ने लगे। इसी जल्दबाजी और मीडिया को इग्नोर करने की होड़ में अचानक वॉर्नर का पैर किसी चीज में फंस गया और वे सड़क पर मुंह के बल गिरते-गिरते बचे। हालांकि, उन्होंने तुरंत खुद को संभाल लिया और बिना रुके कार की तरफ बढ़ गए। इस पूरी घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।
ड्रिंक-एंड-ड्राइव केस में लगा 1,500 डॉलर का जुर्माना
अदालत ने वॉर्नर को ईस्टर संडे के दिन सिडनी के मारूबा क्षेत्र में शराब पीकर गाड़ी चलाने का दोषी पाया। जांच के दौरान उनका अल्कोहल लेवल लीगल लिमिट से दोगुने से भी अधिक दर्ज किया गया था। जब उन्होंने पुलिस की रैंडम ब्रेथ-टेस्टिंग टीम को देखा, तो गाड़ी रोककर पैसेंजर सीट पर बैठी महिला साथी से सीट बदलने की कोशिश भी की। कोर्ट ने वॉर्नर पर 1,500 ऑस्ट्रेलियाई डॉलर लगभग 1 लाख भारतीय रुपये का जुर्माना ठोका है। साथ ही, अगले 12 महीनों तक ड्राइविंग करने से पहले उन्हें अपनी गाड़ी में इंटरलॉक डिवाइस लगवाना अनिवार्य किया गया है, जो शराब की पुष्टि होने पर कार चालू नहीं होने देगा।
वैश्विक मीडिया कवरेज से वॉर्नर को भारी नुकसान
सुनवाई के दौरान वॉर्नर के वकील उवैस अहमद ने कोर्ट में दलील दी कि इस घटना को ईएसपीएन, अल जजीरा और इंडियन एक्सप्रेस जैसे बड़े इंटरनेशनल मीडिया में कवर किया गया। भारत और बांग्लादेश जैसे देशों में, जहां वॉर्नर T20 लीग खेलना चाहते हैं, शराब न पीने की संस्कृति को महत्व दिया जाता है। वकील ने कहा कि इस भारी मीडिया कवरेज से वॉर्नर के कमर्शियल मौकों और विज्ञापनों को बहुत बड़ा आर्थिक नुकसान पहुंचा है। इसके अलावा, बिग बैश लीग में सिडनी थंडर की कप्तानी पर भी खतरा बना हुआ है।



