बेंगलुरु की एक अदालत ने साउथ सिनेमा के नामी एक्टर प्रकाश राज के खिलाफ गैर-जमानती वारंट फिर से जारी किया है। यह कदम कर्नाटक समेत तीन राज्यों की चार अलग-अलग मतदाता सूची में प्रकाश राज का नाम शामिल होने से जुड़े आरोपों के सिलसिले में उठाया गया है।
बेंगलुरु के वकील के. दिलीप कुमार की याचिका के आधार पर प्रकाश राज के खिलाफ 12 जून को फिर से एनबीडब्ल्यू जारी किया गया। अदालत की कार्यवाही के मुताबिक, एक्टर के खिलाफ जारी किया गया यह तीसरा गैर-जमानती वारंट है। इसी के साथ उनपर गिरफ्तारी का खतरा मंडरा रहा है।
17 फरवरी 2026 को समन जारी किया गया था
पुलिस आयुक्त के जरिये 17 फरवरी 2026 को समन जारी किया गया था। याचिका में दिए गए पते पर हालांकि एक्टर नहीं मिले। अदालत ने 17 मार्च को पहला एनबीडब्ल्यू जारी करते हुए कहा, ‘खबर मिली है कि आरोपी ने घर खाली कर दिया है। आरोपी गैर-हाजिर पाया गया। आरोपी के खिलाफ गैर-जमानती वारंट जारी किया जाए।’
सुनवाई की अगली तारीख 25 जुलाई
मामले की सुनवाई 17 अप्रैल को तय की गई थी और जब एक्टर पेश नहीं हुए, तो एनबीडब्ल्यू दोबारा जारी किया गया। तीसरा गैर-जमानती वारंट 12 जून 2026 को जारी किया गया, क्योंकि जस्टिस (पीठासीन अधिकारी) ट्रेनिंग पर गए हुए थे। सुनवाई की अगली तारीख 25 जुलाई 2026 है।
मतदाता के तौर पर चार जगह हैं नाम
यह मामला तब शुरू हुआ, जब एक्टर ने बेंगलुरु मध्य सीट से 2019 का लोकसभा चुनाव लड़ा। शिकायतकर्ता कुमार ने 2023 में दायर याचिका में आरोप लगाया कि शहर के शांतिनगर विधानसभा क्षेत्र में मतदाता के तौर पर नाम दर्ज होने के अलावा, प्रकाश राज का नाम चेन्नई (तमिलनाडु) के वेलाचेरी विधानसभा क्षेत्र और तेलंगाना के सेरिलिंगमपल्ली विधानसभा क्षेत्र में भी दो जगहों पर दर्ज है।
दूसरी जगहों पर वोटर लिस्ट में उनके नाम होने के दावे झूठे
भारतीय चुनाव आयोग के आदेशानुसार,देश में एक नागरिक को केवल एक ही स्थान पर वोटर रजिस्ट्रेशन कराने की अनुमति है। हालांकि, इस मामले में प्रकाश राज अक्सर कहा है कि वह केवल तमिलनाडु में ही अपने वोटिंग अधिकारों का इस्तेमाल करते हैं और दूसरी जगहों पर वोटर लिस्ट में उनके नाम होने के दावे झूठे हैं।
प्रकाश राज की फिल्में
प्रकाश की फिल्मों की बात करें तो उन्होंने आखिरी बार तमिल में ‘कालिदास 2’ और तेलुगु में ‘सीता पायनम’, ‘एस सरस्वती और डकैत: ए लव स्टोरी’ में काम किया था। उनके पास कई फिल्में हैं, जिनमें हिंदी में ‘दृश्यम 3’, तेलुगु में ‘वाराणसी’ और ‘स्पिरिट’ और तमिल में ‘जना नायगन’ शामिल हैं।
तिरुपति के एक कोर्ट में आपराधिक शिकायत दर्ज
इसके अलावा हाल ही में उनके खिलाफ तिरुपति के एक कोर्ट में आपराधिक शिकायत दर्ज की गई। कथित तौर पर हिंदू देवी-देवताओं और रामायण पर किए गए कॉमेंट से जुड़ा है ये मामला, जिसमें आरोप है कि एक्टर ने सार्वजनिक मंचों पर ऐसे बयान दिए, जिनसे धार्मिक भावनाएं आहत हुई हैं। यह शिकायत बीजेपी नेता और तिरुमला तिरुपति देवस्थानम (टीटीडी) ट्रस्ट बोर्ड के सदस्य जी. भानुप्रकाश रेड्डी ने दर्ज कराई है।



