नई दिल्ली: 21 जून को महिला टी20 वर्ल्ड कप 2026 में भारत को दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ हार मिली। पाकिस्तान और नीदरलैंड्स को मात देने के बाद अफ्रीका की चुनौती के सामने टीम इंडिया हल्की साबित हुई। इस बार टी20 वर्ल्ड कप का फॉर्मेट कुछ ऐसा है कि एक हार के बाद ही भारत के अगले चरण में जाने की उम्मीदों को झटका लग गया है। क्योंकि दक्षिण अफ्रीका और ऑस्ट्रेलिया की स्थिती टीम इंडिया से मजबूत नजर आती है।
ग्रुप-1 के पॉइंट्स टेबल की स्थिती
टी20 वर्ल्ड कप 2026 में भारतीय टीम ग्रुप-1 में है। ऑस्ट्रेलिया 3 में से 3 जीत दर्ज कर अंक तालिका में शीर्ष स्थान पर विराजमान है। भारतीय टीम 3 में से 2 जीत के साथ फिलहाल दूसरे नंबर पर है। इसके बाद दक्षिण अफ्रीका और बांग्लादेश हैं। इन दोनों टीमों के अंक बराबर हैं, लेकिन नेट रनरेट अफ्रीकी टीम का बेहतर है। पाकिस्तान और नीदरलैंड्स 3 में से 3 मुकाबले हार चुकी हैं। ऐसे में दोनों को अगले चरण की रेस से लगभग बाहर माना जा सकता है।
भारत के लिए क्यों हो सकती है मुश्किल
ऐसे में सवाल खड़ा होता है कि सिर्फ एक मैच हारने से भारतीय टीम के लिए दिक्कत कैसे खड़ी हो गई। आपको बता दें कि आईसीसी के नियमों के अनुसार हर ग्रुप से 2 टीमें नॉक-आउट स्टेज के लिए क्वालीफाई करेंगी। भारत को अगले 2 मैच बांग्लादेश और ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ खेलने हैं। अगर भारत को कंगारू टीम के खिलाफ हार का सामना करना पड़ा तो उनका सफर 6 अंको के साथ ग्रुप स्टेज तक ही सीमित हो सकता है।
क्योंकि दक्षिण अफ्रीका के अगले 2 मैच बांग्लादेश और नीदरलैंड्स से होने वाले हैं जो तुलनात्मक रूप से कमजोर हैं। दोनों मैच जीतकर अफ्रीका 8 अंको के साथ अगले चरण में जा सकता है। इन सबसे परे अगर ऑस्ट्रेलिया को पाकिस्तान और भारत से हार मिली तो उनके लिए परेशानी का सबब हो जाएगा।
भारत बनाम दक्षिण अफ्रीका मुकाबले का हाल
इसके साथ ही बात की जाए भारत बनाम दक्षिण अफ्रीका मुकाबले की तो टीम इंडिया ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 159 रन का लक्ष्य दिया था। जिसे प्रोटियाज टीम ने मारिजाम काप की 81 रनों की पारी के दम पर 5 गेंद और 6 विकेट शेष रहते हासिल कर लिया। राधा यादव ने 27 और 66 के निजी स्कोर पर काप के 2 कैच छोड़े थे।



