भोपाल। मध्य प्रदेश के दतिया विधानसभा उपचुनाव में भाजपा प्रत्याशी रहे आशुतोष तिवारी ने अपनी हार के लिए कांग्रेस के षडयंत्र को कारण बताते हुए कहा है कि हम उस षड्यंत्र को समझ नहीं पाए। ऐसी और कौन सी बातें हैं, उनको संज्ञान में लेकर आगे के लिए सुधार करेंगे। गुरुवार को भोपाल में पार्टी के प्रदेश कार्यालय पर पहुंचे आशुतोष ने पत्रकारों के सवाल पर यह बात कही।
उपचुनाव में प्रदेश के पूर्व गृह मंत्री डा. नरोत्तम मिश्रा की भूमिका को लेकर सवाल पर वह सीधे कुछ कहने से बचते हुए उन्होंने इतना ही कहा कि हर व्यक्ति की भूमिका के बारे में सबका अपना मत है, समीक्षा समिति तय करेगी कि किसने क्या भूमिका निभाई। भितरघात के सवाल पर बोले- कोई तो चूक हुई ही है, उसकी समीक्षा होगी
आशुतोष तिवारी ने की कैलाश विजयवर्गीय से बात
पार्टी कार्यालय में आशुतोष तिवारी ने प्रदेश महामंत्री राहुल कोठारी, प्रदेश कार्यालय मंत्री श्याम महाजन और मंत्री कैलाश विजयवर्गीय से मुलाकात की। चुनाव परिणाम के बाद डा. नरोत्तम मिश्रा से मुलाकात को लेकर उन्होंने कहा कि मुलाकात के कोई राजनीतिक मायने नहीं है। सार्वजनिक जीवन में कुछ लिहाज होते हैं, यह सार्वजनिक जीवन की साधारण सी मुलाकात है।
वर्ष 2028 में होने वाले आगामी विधानसभा चुनाव में भी अपनी दावेदारी के सवाल पर आशुतोष ने कहा कि साधारण कार्यकर्ता की भूमिका में हूं, इसी भूमिका में ही रहूंगा। पार्टी नेतृत्व जो जिम्मेदारी देगा, उसका निष्ठापूर्वक पालन करूंगा।
उमा भारती बोलीं- हम सब परीक्षा में फेल हो गए
पूर्व मुख्यमंत्री उमा भारती ने दतिया उप चुनाव में भाजपा प्रत्याशी आशुतोष तिवारी की हार पर गुरुवार को खुलकर अपनी बात रखी। उन्होंने इंटरनेट मीडिया प्लेटफार्म एक्स पर पोस्ट कर लिखा कि मैं अपने समर्थकों से यह अनुरोध करूंगी कि वह यह अभिमान न पालें कि मेरी वजह से वोट बढ़े, क्योंकि अंत में हम दतिया उपचुनाव हार ही गए, जिससे मुझे बहुत आघात लगा। मैं तो दतिया उपचुनाव प्रचार में आ नहीं सकी किंतु समर्थन में एक वाक्य मैंने भेजा जो घर-घर पहुंचाया गया और वहां वोट भी मिले। आखिर हम सब किसी न किसी परीक्षा में फेल हो गए और हमें अपनी रणनीति की गहन समीक्षा करनी होगी। बता दें कि दतिया उप चुनाव में स्टार प्रचारकों की सूची में उमा भारती का नाम नहीं था।



