नई दिल्ली: आयरलैंड के बेलफास्ट में खेले गए टी20 मुकाबलों में मेजबान टीम ने बड़ा उलटफेर करते हुए मजबूत भारतीय टीम को 2-0 से क्लीन स्वीप कर दिया। तीन दिनों के भीतर श्रेयस अय्यर की कप्तानी वाली टीम को लगातार दो बार शिकस्त झेलनी पड़ी। इस करारी हार के साथ ही खेल के सबसे छोटे फॉर्मेट में लगातार दो बार टी20 वर्ल्ड कप जीतने वाली टीम इंडिया का शानदार सफर और दबदबा फिलहाल थम गया है। क्रिकेट जगत में आयरिश टीम की इस जीत को 2011 के वनडे वर्ल्ड कप में इंग्लैंड के खिलाफ केविन ओ’ब्रायन के ऐतिहासिक शतक के बाद सबसे बड़ा और यादगार पल माना जा रहा है।
16 सीरीज से नहीं हारे थे
अंतरराष्ट्रीय टी20 क्रिकेट में हमेशा हावी रहने वाली भारतीय टीम के लिए यह हार किसी बड़े झटके से कम नहीं है। साल 2020 के बाद से टी20 सीरीज में भारत की यह केवल तीसरी हार है। इस आयरलैंड दौरे से पहले भारतीय टीम लगातार 16 द्विपक्षीय टी20 सीरीज से अजेय चल रही थी। भारत को इससे पहले अगस्त 2023 में वेस्टइंडीज के हाथों पांच मैचों की सीरीज में 2-3 से हार का सामना करना पड़ा था।
रोमांचक सीरीज में मिली थी हार
वेस्टइंडीज के उस दौरे पर भारतीय टीम शुरुआती दोनों मुकाबले हारकर 0-2 से पिछड़ गई थी। हालांकि, शानदार वापसी करते हुए टीम ने अगले दो मैच जीते और सीरीज 2-2 से बराबर कर दी। लेकिन लॉडरहिल में खेले गए निर्णायक और करो या मरो वाले मैच में भारतीय टीम सिर्फ 165 रन ही बना सकी, जिसे वेस्टइंडीज ने दो ओवर रहते आसानी से हासिल कर सीरीज अपने नाम कर ली थी। उसके बाद से भारत ने कोई द्विपक्षीय सीरीज नहीं गंवाई थी।
टीम इंडिया की शर्मनाक हार
रविवार को स्टोरमोंट के मैदान पर खेले गए दूसरे मैच की बात करें तो तेज गेंदबाजों के लिए मददगार पिचों पर आयरलैंड के जय मूंदड़ा भारतीय बल्लेबाजों के लिए काल साबित हुए। उन्होंने अपने कातिलाना स्पैल (3/32) के दौरान मैच की शुरुआती दो गेंदों पर संजू सैमसन और अभिषेक शर्मा को शून्य (गोल्डन डक) पर आउट कर सनसनी फैला दी। इसके बाद उन्होंने कप्तान श्रेयस अय्यर का महत्वपूर्ण विकेट लेकर भारत की कमर तोड़ दी। आयरलैंड के 154 रनों के जवाब में भारतीय टीम 9 विकेट खोकर 153 रन ही बना सकी और महज 1 रन से मैच गंवा बैठी।



