नई दिल्लीः अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने रूसी तेल खरीदने वाले देशों को निशाना बनाने वाले एक नए कानून के तहत टैरिफ लागू कर दिया है। हालांकि, उन्होंने एक ही आदेश में टैरिफ को तुरंत खत्म भी कर दिया। इससे भारत और चीन जैसे देशों पर 100 प्रतिशत का भारी-भरकम आयात शुल्क लगने से बच गया है। यह फैसला उस समय आया है जब अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो भारत दौरे पर रवाना हो रहे हैं। वहीं उद्धव गुट के शिवसेना की नेता प्रियंका चतुर्वेदी ने अब भारत अमेरिका में व्यापार समझौता होने की पूरी संभावना जताई है।
अमेरिका ने नियमों में दी ढील, प्रियंका चतुर्वेदी हुईं खुश
प्रियंका चतुर्वेदी ने X पर लिखा, ‘रूस से तेल खरीद से जुड़े नए अमेरिकी टैरिफ से भारत को छूट मिल गई है। जल्द ही एक व्यापार समझौता होने की पूरी संभावना है।’
ट्रंप का यू-टर्न: ‘ग्राहम एक्ट’ लागू पर छूट का ऐलान
- बता दें कि व्हाइट हाउस की ओर से शुक्रवार देर रात जारी किए गए इस आदेश के जरिए ‘लिंडसे ओ. ग्राहम सैंक्शन्स रशिया एंड ईरान एक्ट 2026’ को लागू किया गया।
- ट्रंप ने इस कानून पर 18 सितंबर को हस्ताक्षर किए थे। कानून के मुताबिक, रूस से तेल और गैस खरीदने वाले सबसे बड़े देशों पर 30 दिनों के भीतर 100 प्रतिशत तक अतिरिक्त शुल्क लगाया जाना था। इसकी समयसीमा 18 अक्टूबर को पूरी हो रही है।
- आदेश के अनुसार, अगर कोई देश 18 अक्टूबर 2026 या उसके बाद रूस से नया कच्चा तेल या प्राकृतिक गैस खरीदता है, तो रूसी तेल और गैस के पांच सबसे बड़े आयातकों से आने वाले सामान पर 100 प्रतिशत अतिरिक्त शुल्क लगाया जा सकता है।
- इसी तरह, रूस पर लगे तेल प्रतिबंधों से बचने में मदद करने वाले शीर्ष पांच देशों या संस्थाओं के सामान पर भी 100 प्रतिशत अतिरिक्त शुल्क लगाने का प्रावधान है। वहीं, रूस से आने वाले सामान पर शुल्क 500 प्रतिशत तक बढ़ाने की बात भी कही गई है।



