नई दिल्ली: देश में करोड़ों की संख्या में लोग क्रेडिट कार्ड का इस्तेमाल कर रहे हैं। अब फेस्टिव सीजन की शुरुआत भी हो रही है। इसको देखते हुए क्रेडिट कार्ड के इस्तेमाल में और भी बढ़ोतरी होनी की संभावना है। फेस्टिव सीजन के बीच क्रेडिट कार्ड के इस्तेमाल को देखते हुए कई बैंक अपने ग्राहकों को इसकी लिमिट को बढ़ाने का ऑफर दे रहे हैं।
यहां खास बात यह है कि बैंक अपने मन से किसी भी ग्राहक की क्रेडिट कार्ड लिमिट को नहीं बढ़ा सकता है। आरबीआई के नियम के अनुसार, बैंक आपकी सहमति के आधार पर ही इसका फैसला करता है। अगर आपने क्रेडिट कार्ड लिमिट को बढ़ाने से मना कर दिया तो बैंक इसे अपने मन से नहीं बढ़ा सकता। अब सवाल यह है कि क्या बैंक आपकी क्रेडिट कार्ड लिमिट को बढ़ाने का ऑफर दे रहा है? इसपर कोई भी फैसला लेने से पहले इसके नफा-नुकसान को जान लीजिए।
क्रेडिट कार्ड लिमिट बढ़ाने के फायदे
हम सबसे पहले क्रेडिट कार्ड लिमिट बढ़ाने के फायदे यानी कि नफा की बात करेंगे। लिमिट बढ़ने का अर्थ होता है कि आपके कार्ड में पहले से उपलब्ध राशि और अधिक हो जाएगी। मतलब कि अगर आपकी क्रेडिट कार्ड लिमिट 50 हजार रुपये की है तो आप जब इसे बढ़ाते हैं तो यह एक लाख रुपये या इससे अधिक की हो सकती है। ऐसे में इसके कई फायदे होते हैं।
अगर आपको तुरंत या इमरजेंसी में रुपये की जरूरत है तो आप आपकी क्रेडिट कार्ड लिमिट की बढ़ी राशि का लाभ ले सकते हैं। लिमिट के साथ खर्च भी बढ़ता है, जिससे अधिक रिवॉर्ड्स मिलने की संभावना होती है। अगर आप समय पर क्रेडिट कार्ड के पैसों को चुका देते हैं तो आपका सिबिल स्कोर मजबूत बनता है। अगर आपकी क्रेडिट कार्ड लिमिट अधिक होने पर आपका खर्च पहले की तरह ही कम होता है तो इससे क्रेडिट यूटिलाइजेशन रेशियो (CUR) कम होता है। इससे इस्तेमाल का अनुपात कम होता है। वहीं, कम सीयूआर आपकी क्रेडिट प्रोफाइल को बेहतर और मजबूत बनाता है। इसे क्रेडिट स्कोर के लिए अच्छा माना जाता है।
क्रेडिट कार्ड लिमिट बढ़ाने के नुकसान
अब बात नुकसान की करते हैं। क्रेडिट कार्ड लिमिट बढ़ने से कई नुकसान भी हो सकते हैं। जैसे लिमिट बढ़ने पर आपके खर्चे भी बढ़ सकते हैं। आप कहीं शॉपिंग करने गए हैं तो पहले एक या दो समान खरीदते थे, अब पैसे अधिक होने से दो सामानों से अधिक की खरीदारी कर सकते हैं। इससे आपके खर्च में बढ़ोतरी होगी। मतलब कि क्रेडिट कार्ड लिमिट बढ़ने से ग्राहक पर अतिरिक्त खर्च बढ़ने की आशंका होती है।
अगर आपका खर्च बढ़ गया और आप इस दौरान हर महीने क्रेडिट कार्ड के बिल को चुकाने में असमर्थ हैं तो आपको भारी नुकसान हो सकता है। इसके लिए आप लेट फाइन, ब्याज दर समेत अन्य हिडन चार्जेस को भरने के लिए मजबूर हो जाएंगे। इससे आपके क्रेडिट स्कोर पर बुरा प्रभाव पड़ेगा। खराब क्रेडिट स्कोर होने से आपको लोन लेने में भी दिक्कत आ सकती है। इसलिए जरूरी है कि जब भी बैंक आपकी क्रेडिट कार्ड लिमिट को बढ़ाने के लिए कहता है तो आप सबसे पहले सोच-समझ लें और उसके बाद ही कोई फैसला करें। इससे आप वित्तीय नुकसान से बच सकते हैं।



