ढाका: बांग्लादेश के पीएम तारिक रहमान अगले महीने, जून के आखिर में चीन का दौरा कर सकते हैं। इस साल फरवरी में हुए आम चुनाव में बीएनपी की जीत के बाद तारिक रहमान बांग्लादेश के पीएम बने हैं। प्रधानमंत्री बनने के करीब महीने बाद तारिक की यह पहली विदेश यात्रा होगी। तारिक ने बतौर पीएम अपने पहले विदेशी दौरे के लिए भारत और दूसरे पड़ोसी देशों पर चीन को तरजीह दी है। उनकी यह यात्रा इसलिए अहम है क्योंकि उनके सामने चीन-भारत से रिश्ते में संतुलन साधने की चुनौती है। खासतौर से भारत के साथ सीमा पर तनाव और पानी बंटवारे के मुद्दे पर टकराव ने उनके दौरे की अहमियत बढ़ा दी है।
तारिक रहमान के पीएम बनने के बाद उनको भूटान और भारत की ओर से दौरे का निमंत्रण दिया गया था। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने फरवरी में शपथ के बाद ही तारिक रहमान को भारत आने की दावत दी थी। शुरू में तारिक की पहली विदेश यात्रा के लिए भूटान को चुना गया था लेकिन इसे टाल दिया गया और अब बीजिंग जाने का फैसला लिया गया है। हालांकि अभी उनके दौरे की तारीख का ऐलान नहीं हुआ है।
कई मुद्दों पर हो सकती है चर्चा
बांग्लादेश में चीन के राजदूत याओ वेन ने कहा है कि तारिक की बीजिंग की आगामी यात्रा दोनों देशों के बीच साझेदारी को और मजबूत करेगी। उन्होंने कहा कि चीन राजनीतिक स्थिरता बनाए रखने, आर्थिक विकास और जन कल्याण से जुड़ी गतिविधियों में बांग्लादेश को अपना पूरा समर्थन देना जारी रखेगा।
तारिक रहमान के विदेश मामलों के सलाहकार हुमायूं कबीर ने कहा कि बांग्लादेशी पीएम जल्दी ही चीन की यात्रा करेंगे। इसका कार्यक्रम अभी तय नहीं किया गया है। कबीर ने कहा कि तीस्ता नदी के प्रबंधन और जीर्णोद्धार पर चीन के साथ चर्चा हुई है। चीन का एक्जिम बैंक इस प्रोजेक्ट के लिए फंड दे सकता है।



