भोपाल। गांधी चिकित्सा महाविद्यालय (जीएमसी) प्रबंधन ने जूनियर और सीनियर रेजिडेंट्स के रिक्त पदों को भरने के लिए आयोजित भर्ती प्रक्रिया पूरी कर ली है। विभिन्न विभागों में कुल 13 डॉक्टरों की नियुक्ति की जा रही है, जिससे कॉलेज से संबद्ध अस्पतालों में डॉक्टरों की कमी दूर होगी।
हमीदिया अस्पताल और सुल्तानिया को लाभ
इन नियुक्तियों का सीधा लाभ हमीदिया अस्पताल और सुल्तानिया जनाना अस्पताल की ओपीडी और वार्डों में मिलेगा।
इन पदों को भरा गया
जानकारी के अनुसार सीनियर रेजिडेंट्स के तहत मेडिसिन (आरआईडी सहित) विभाग में दो पद, जबकि ईएनटी, बाल एवं शिशु रोग, डर्मेटोलॉजी और इमरजेंसी मेडिसिन में एक-एक पद भरे गए हैं।
वहीं जूनियर रेजिडेंट्स श्रेणी में कुल सात पदों पर चयन किया गया है। इनमें रेस्पिरेटरी मेडिसिन और गैस्ट्रोएंट्रोलॉजी में दो-दो पद, जबकि नेफ्रोलॉजी, डर्मेटोलॉजी और एंडोक्राइनोलॉजी में एक-एक पद शामिल हैं।
प्रबंधन ने भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए छह उम्मीदवारों को प्रतीक्षा सूची में भी रखा है। चयनित डॉक्टरों के लिए नियुक्ति आदेश जारी कर दिए गए हैं और उन्हें सात कार्यदिवस के भीतर जॉइनिंग देना अनिवार्य किया गया है।
मरीजों को होगा सीधा फायदा
नई नियुक्तियों से ओपीडी में मरीजों को लंबी कतारों से राहत मिलेगी। रेजिडेंट्स की संख्या बढ़ने से इमरजेंसी और वार्डों में रात के समय भी विशेषज्ञ डॉक्टर उपलब्ध रहेंगे।
नियमित जांच और फॉलोअप बेहतर तरीके से हो सकेगा
वार्ड में भर्ती मरीजों की नियमित जांच और फॉलोअप बेहतर तरीके से हो सकेगा। इमरजेंसी मेडिसिन में नई नियुक्ति से दुर्घटना या गंभीर स्थिति में आने वाले मरीजों को तत्काल इलाज मिलेगा। इसके अलावा गैस्ट्रोएंट्रोलॉजी और नेफ्रोलॉजी विभाग में डॉक्टरों की उपलब्धता बढ़ने से पेट और किडनी से संबंधित मरीजों को भी राहत मिलेगी।



