वडोदरा: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुजरात के वडोदरा में ‘नमो फॉर विकसित भारत’ कार्यक्रम के दौरान प्रतापनगर और टांडा रोड के बीच नई मेमू यात्री ट्रेन सेवा और अन्य ट्रेन सेवाओं को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ‘नमो फॉर विकसित भारत’ कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि आज मैं विकसित भारत की यात्रा को और गति देने के लिए आपके बीच आया हूं। अभी जो देश के विकास से जुड़े हजारों करोड़ों रुपये की परियोजनाओं का शिलान्यास और लोकार्पण हुआ है। मैं देश की जनता को बहुत-बहुत बधाई देता हूं। इस विकास पर्व पर आप सभी ने जिस सेवा भाव से और सेवा भाव के साथ, पूरे वडोदरा शहर में स्वच्छता से स्वागत अभियान चलाया है, इसके लिए मैं वडोदरा के हर एक नागरिक को हृदय से बहुत-बहुत बधाई देता हूं, उनकी सराहना करता हूं।
लाल किले से संकल्प की सप्तधारा का ऐलान किया
वडोदरा में पीएम नरेंद्र मोदी ने कहा कि इस वर्ष लालकिले से संकल्प की सप्तधारा का ऐलान किया था। इसमें एक धारा गतिशक्ति भी है। विकसित भारत के लिए ऐसी कनेक्टिविटी चाहिए जो जमाने के हिसाब सुगम और स्पीड से चले। डेडिकेटेड फ्रेड कॉरिडोर का जिक्र करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि 12 साल में काम करने की संस्कृति बदली है। डेडिकेटेड फ्रेड कॉरिडोर की फाइल लटकती-भटकती रही। कांग्रेस के 7-8 साल में एक किलोमीटर काम पूरा नहीं हुआ। कांग्रेस ने देश की तरक्की करने वालों की प्रोजेक्ट को रोक रखा था। 2014 में वडोदरा वालों ने मुझे दिल्ली भेज दिया। वहां पहुंचते ही देश के व्यवासायिक 2800 किमी के प्रोजेक्ट का काम पूरा किया। अब इस कॉरिडोर पर प्रतिदिन 430 मालगाड़ी चलती है।
वडोदरा के लोगों को दी बधाई
पीएम मोदी ने कहा कि मैं विकसित भारत की यात्रा को और गति देने आया हूं। यह विकास पर्व पर, जिस सेवा भाव से, पूरे वडोदरा में स्वच्छता से स्वागत का अभियान चलाया है। मैं सभी को बधाई देता हूं। पूरे गुजरात का ध्यान वडोदरा पर होता है। इस बार जब गणेश जी पधारेंगे तो वडोदरा पर सभी आशीर्वाद बरसने वाले हैं। फ्रेट कॉरिडोर और डेवलमेंट प्रोजेक्ट का जिक्र करते हुए पीएम ने कहा कि 2004 से 2014 तक फाइलें टेबल में यात्रा कर रही थीं। फाइलें अटकती थीं। 2014 में वडोदरा और गुजरात के लोगों ने मुझे दिल्ली भेजा। सच्चाई ये थी सात आठ वर्ष में एक कीएम फ्रेट कॉरिडोर पूरा नहीं हुआ। उनके हिसाब से देश चलते तो कई पीढ़ियों में काम पूरा नहीं होता। इस धरती ने जो शिक्षा दी। उसके बाद 2800km के फ्रेट कॉरिडोर का काम पूरा करके दिखाया है। पैसेंजर ट्रेन के ट्रैक पर मालगाड़ी थी। ट्रैवल और ट्रांसपोर्ट धीमा था। डीएफसी ने चीजों को बदल दिया है। 430 मालगाड़ियां इस पर दौड़ रहीं हैं।
मेड इन इंडिया के माना जा रहा ये शहर
पीएम ने कहा किमैंने देश के सामने विकसित भारत की जिन सप्त धाराओं का विजन रखा है, उसमें एक धारा मैन्युफैक्चरिंग की भी है और वडोदरा शहर इसकी ताकत अच्छे से जानता भी है, समझता भी है। शिक्षा, कौशल और इंडस्ट्री का कोलैब कैसे होता है, वडोदरा 150 सालों से इसका प्रतिबिंब है। अब तो ये शहर देश के पहले ‘मेड इन इंडिया’ मिलिट्री ट्रांसपोर्ट एयरक्राफ्ट के लिए भी जाना जा रहा है। C-295 की पहली फ्लाइट यहां का आसमान देख चुका है। मैं वडोदरा के लोगों को ये गौरव पाने के लिए बहुत-बहुत बधाई देता हूं।



