भोपाल। राजधानी में अपराधी बेखौफ हो चले हैं। निशातपुरा क्षेत्र में मंगलवार को सुबह आठ बजे घर में घुसकर एक बदमाश ने वृद्ध महिला का सिर फोड़ दिया। उसके बाद उनके गले से सोने की चेन और कानों के झुमके लूटकर भाग गया। महिला का बेटा पुलिस में है। वह चुनावी ड्यूटी के लिए पश्चिम बंगाल गया है, इसकी वजह से वृद्धा घर में अकेली थी।
पुलिस के अनुसार पीड़िता 68 वर्षीय शैल कुमारी मिश्रा नटखट चौक, राजीव नगर, करोंद क्षेत्र में रहती हैं। उनके पति देवेंद्र मिश्रा पुलिस विभाग में सब इंस्पेक्टर थे। उनके असमय निधन के बाद बेटे काशीनाथ उर्फ अमन मिश्रा को अनुकंपा नियुक्ति मिली।
फिलहाल वह एसएएफ (स्पेशल आर्म्ड फोर्स) में कान्सटेबल है। वृद्धा का दूसरा बेटा कपिल पुणे में एक निजी कंपनी में कार्यरत हैं। महिला अपने बेटे अमन के साथ ही रहती थी, लेकिन पश्चिम बंगाल चुनाव ड्यूटी में चले जाने की वजह से वह अकेली हो गई थीं।
दो बेटों के अलावा उनकी पांच बेटियां भी हैं। इनमें सीमा नामक बेटी पास ही चौकसे नगर में रहती हैं। सोमवार रात को भी सीमा अपनी मां के पास गई थीं। देर रात वह घर लौटीं और फिर सुबह वारदात हुई।
पीड़िता के दामाद के भाई ज्ञान प्रकाश मिश्रा ने बताया कि पड़ोसियों ने सुबह करीब सात बजे उन्हें पूजा के लिए फूल तोड़ते हुए देखा था।
सुबह करीब आठ बजे पड़ोस के डिस्कवरी स्कूल में काम कर रहा एक मजदूर उनके घर गिट्टी मांगने के बहाने पहुंचा। उसके हाथ में पहले से पेबर ब्लॉक था। वह घर में घुसा और वृद्धा से पहले घर में रखी अलमारी की चाबी मांगी और गहने उतारने को कहा, जब उन्होंने विरोध किया तो झुमाझटकी हुई और बदमाश ने उनके सिर और चेहरे पर ईंट से हमला कर दिया।
चोटों से आहत होकर वे गिर पड़ी तो आरोपित ने महिला के गले से सोने की चेन उतार ली। दोनों कानों में पहने झुमके नोच लिए, जिससे कानों में भी चोट आई। पिछले कुछ वर्षों में किसी घर में घुसकर इस तरह की जानलेवा लूट की घटना राजधानी में देखी-सुनी नहीं गई है।
दुधिया पहुंचा तो बेहोश पड़ी थीं
वारदात के कुछ समय बाद जब उनके घर दूधवाला पहुंचा। कई बार आवाज देने के बाद भी वे बाहर नहीं आईं तो दुधिया भीतर गया। वहां वृद्धा बेड पर बेहोशी की हालत में पड़ी थी और उनके सिर व भौहों पर खून जमा हुआ था। उन्हें गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती किया गया।
आरोपित की पहचान की हो चुकी है। वह पुराने भोपाल का रहने वाला है। पुलिस ने उसके ठिकानों पर दबिश दी है, लेकिन अब तक फरार है। उसकी गिरफ्तारी के लिए दूसरे स्थानों पर भी टीमें रवाना हैं- मयूर खंडेलवाल, डीसीपी जोन-4।



