प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बुधवार को दिल्ली में कर्तव्य पथ पर कर्तव्य भवन-03 बिल्डिंग का उद्घाटन किया। यह सेंट्रल विस्टा प्रोजेक्ट का हिस्सा है और कॉमन सेंट्रल सेक्रेटरिएट (CSS) की 10 में से पहली बिल्डिंग है।
कर्तव्य भवन को दिल्ली के अलग-अलग जगहों पर स्थित विभिन्न मंत्रालयों और विभागों को एक साथ लाकर उनके बीच बेहतर कोआर्डिनेशन और कामों में तेजी लाने के लिए डिजाइन किया गया है।
इसमें गृह मंत्रालय, विदेश मंत्रालय, ग्रामीण विकास मंत्रालय, MSME मंत्रालय, कार्मिक और प्रशिक्षण विभाग (DOPT), पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय और प्रधान वैज्ञानिक सलाहकार (PSA) के ऑफिस होंगे।
22 महीने में CSS के सभी 10 भवन बन जाएंगे
केंद्रीय आवास और शहरी कार्य मंत्री मनोहर लाल खट्टर ने मंगलवार को बताया कि प्रधानमंत्री मोदी बुधवार को कॉमन सेंट्रल सेक्रेटरिएट (CSS) की पहली पहली बिल्डिंग का उद्घाटन करेंगे। साथ ही बताया कि कर्तव्य भवन-1 और कर्तव्य भवन-2 अगले महीने तक तैयार हो जाएंगे। वहीं, अगले 22 महीनों में बचे हुए 7 भवन भी बन जाएंगे।
सेंट्रल विस्टा प्रोजेक्ट के तहत बन रहीं 10 नई बिल्डिंग
सेंट्रल विस्टा प्रोजेक्ट के तहत ही आजादी के 76 साल बाद 2024 में देश को नई संसद मिली थी। इसी के तहत अब कॉमन सेंट्रल सेक्रेटरिएट की 10 नई बिल्डिंग बन रही हैं।
सेंट्रल विस्टा प्रोजेक्ट में 51 मंत्रालय और 10 केंद्रीय सचिवालय सहित उपराष्ट्रपति और प्रधानमंत्री आवास भी होंगे। राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद का सचिवालय भी रहेगा। नई दिल्ली में राष्ट्रपति भवन से इंडिया गेट तक के 3.2 किमी लंबे एरिया को सेंट्रल विस्टा कहते हैं।



