इंफाल : मणिपुर में पीएम नरेंद्र मोदी की यात्रा से ठीक पहले राज्य में शांति की उम्मीद जगी है। गुरुवार को सस्पेंशन ऑफ ऑपरेशन (एसओओ) पर केंद्र सरकार, मणिपुर सरकार और कुकी-जो विद्रोही ग्रुपों के बीच गुरुवार को एक समझौता होने की संभावना है। इसके तहत 2008 में जिन शर्तों पर समझौता हुआ था, उसे कुछ संशोधनों के साथ आगे बढ़ाया जा सकता है। मणिपुर में दो साल से ज्यादा समय से चल रही जातीय हिंसा के कारण फरवरी 2024 से इसे रिन्यू नहीं किया गया था। समझौते की समयावधि बढ़ते ही मेइती और कुकी-जो समुदाय एक-दूसरे को कई सहूलियत देंगे।
2008 में हुआ था समझौता
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 12 या 13 सितंबर को मणिपुर का दौरा कर सकते हैं। मई 2023 में जातीय हिंसा भड़कने के बाद यह उनकी पहली यात्रा होगी। इस यात्रा में एसओओ समझौते पर सहमति बनने की संभावना है, जिससे राज्य में शांति स्थापित करने में मदद मिल सकती है। इंटेलिजेंस ब्यूरो और गृह मंत्रालय के अधिकारियों वाली केंद्र सरकार की एक टीम कुकी-जो समूहों के प्रतिनिधियों से बात कर रही है। बुधवार को भी बातचीत हुई और गुरुवार को भी जारी रहने की संभावना है। सूत्रों का कहना है कि बातचीत सकारात्मक रही है और गुरुवार को 2008 के समझौते को रिन्यू किया जा सकता है।



