बेगूसराय: बिहार में अपराध के मुद्दे पर अब बीजेपी और जदयू के बीच अनबन दिखने लगी है। जदयू नेता ने तो सीधे गृह विभाग के मंत्री सम्राट चौधरी पर ही बड़ा आरोप जड़ दिया है। जदयू के प्रदेश उपाध्यक्ष ने कहा है कि सम्राट चौधरी से होम डिपार्टमेंट संभल ही नहीं पा रहा। दरअसल 20 साल में पहली बार नीतीश ने गृह विभाग अपने पास न रख कर बीजेपी को दे दिया था, और बीजेपी ने उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी को इसकी जिम्मेदारी दी है।
एक मर्डर और उबले जदयू नेता
सवाल ये कि आखिर इस अनबन की वजह क्या है? क्यों जदयू के प्रदेश उपाध्यक्ष गौरव राणा सम्राट चौधरी पर हमलावर हैं। इसकी जड़ों में है बेगूसराय जिले का एक कांड। गौरव राणा भी बेगूसराय के ही हैं। दरअसल बेगूसराय में 23 दिसंबर की रात एक मोबाइल दुकानदार को अगवा कर लिया गया। लोहिया नगर थाना क्षेत्र के पन्हास गांव निवासी मोबाइल दुकानदार सुमित कुमार का अपहरण दुकान बंद कर घर लौटने के दौरान कार सवार बदमाशों ने मारपीट कर कर लिया था। अपहरण की जानकारी तब मिली जब पुलिस परिजनों की शिकायत पर सीसीटीवी की जांच की। तब सुमित की किडनैपिंग का पता चला।
किडनैप कर उतारा गया मौत के घाट
इसके बाद पुलिस ने तफ्तीश करते हुए 26 दिसंबर को कार का पता लगा लिया और उसे चला रहे शख्स को भी गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में ड्राइवर ने बताया कि सुमित का अपहरण करने के बाद उसी रात चेरिया बरियारपुर थाना क्षेत्र के रामपुर पुल पर उसकी हत्या कर शव को गंडक नदी में फेंक दिया गया था। उस दिन से पुलिस लगातार सुमित की शव की तलाश कर रही थी, 30 दिसंबर को पुलिस ने सुमित की लाश बसही गांव के पास गंडक नदी किनारे से ढूंढ निकाली।



