Spread the love

भारतीय ग्रैंडमास्टर कोनेरू हंपी ने जॉर्जिया के बटुमी में खेले जा रहे FIDE विमेन वर्ल्ड कप के सेमीफाइनल में पहुंच गई हैं। वह यहां तक का सफर तय करने वाली पहली भारतीय महिला चेस खिलाड़ी हैं। उन्होंने क्वार्टर फाइनल में चीन की सॉन्ग युक्सिन को हराकर सेमीफाइनल में अपना स्थान पक्का किया।

हम्पी ने रविवार को क्वार्टर फाइनल के खेले गए दूसरे गेम में चीनी खिलाड़ी को ड्रॉ पर रोका। इससे पहले उन्होंने शनिवार रात बटुमी में दो गेमों की क्वार्टर फ़ाइनल सीरीज का पहला गेम जीतकर बढ़त हासिल कर ली थी।

एक अन्य क्वार्टर फाइनल में, हरिका द्रोणावल्ली और उभरती हुई स्टार दिव्या देशमुख के बीच कड़ा मुकाबला हुआ। हालांकि, इनमें से एक का सेमीफाइनल में जाने पर फैसला सोमवार को खेले जाने वाले दूसरे गेम के बाद होगा।

इससे पहले हम्पी ने स्विट्जरलैंड की पूर्व वर्ल्ड चैंपियन एलेक्जेंड्रा कोस्टेनियुक को टाईब्रेक्स में 1.5-0.5 से हरा कर क्वार्टर फाइनल में अपना स्थान पक्का किया था।

पहली बार भारत की चार महिला खिलाड़ी क्वार्टर फाइनल में पहुंची 

इस टूर्नामेंट में पहली बार भारत की चार महिला खिलाड़ी क्वार्टर फाइनल में पहुंची। कोनेरू हंपी के अलावा हरिका द्रोणवल्ली, आर. वैशाली और दिव्या देशमुख ने क्वार्टरफाइनल में अपना स्थान पक्का किया।

वैशाली को मिली हार 

वैशाली रमेशबाबू को चीन की तीसरी वरीयता प्राप्त तान झोंगयी से हार का सामना करना पड़ा। इसके साथ ही इस टूर्नामेंट में उनका अभियान समाप्त हो गया। वैशाली ने कजाकिस्तान की मेरुएर्त कमालिदेनोवा को हराकर क्वार्टर फाइनल में अपना स्थान पक्का किया था।