भोपाल। मध्य प्रदेश के सात लाख से अधिक अधिकारी-कर्मचारी पिछले नौ माह से तीन प्रतिशत महंगाई भत्ते (डीए) में वृद्धि की बेसब्री से प्रतीक्षा कर रहे हैं। केंद्र सरकार अपने कर्मचारियों को जुलाई 2024 से 53 प्रतिशत डीए दे रही है, जबकि शुक्रवार को दो प्रतिशत और बढ़ोतरी की घोषणा की। इस बीच, राज्य के कर्मचारियों को अभी 50 प्रतिशत डीए ही मिल रहा है, जिससे अंतर अब पांच प्रतिशत हो गया है।
केंद्र ने बढ़ाया डीए
- केंद्र सरकार ने एक जनवरी 2025 से लागू होने वाला दो प्रतिशत डीए बढ़ाकर कुल 55 प्रतिशत कर दिया है। दूसरी ओर, प्रदेश के कर्मचारियों को उम्मीद थी कि 2025-26 के बजट में राज्य सरकार तीन प्रतिशत डीए बढ़ाने की घोषणा करेगी, लेकिन ऐसा नहीं हुआ।
- नौ महीने से राज्य कर्मचारियों को तीन प्रतिशत कम डीए मिल रहा था, जो अब पांच प्रतिशत कम हो गया है। केंद्र ने नए वेतन आयोग के गठन की भी घोषणा की है, जो 50 प्रतिशत डीए की सीमा पार करने के बाद परंपरा रही है।
पहले चलता था समानांतर बढ़ोतरी का सिलसिला
- वर्ष 2024 से पहले, जब भी केंद्र सरकार अपने कर्मचारियों का डीए बढ़ाती थी, मध्य प्रदेश सरकार भी अपने कर्मचारियों और पेंशनरों के लिए महंगाई भत्ता व राहत में वृद्धि कर देती थी।
- जून-जुलाई में होने वाली डीए बढ़ोतरी इस बार केंद्र ने मार्च में ही कर दी। लेकिन राज्य सरकार ने इस दिशा में अब तक कोई कदम नहीं उठाया, जिससे कर्मचारियों में निराशा है।
बढ़ता अंतर
केंद्र के 55 प्रतिशत डीए के मुकाबले राज्य का 50 प्रतिशत डीए कर्मचारियों के बीच असंतोष का कारण बन रहा है। कर्मचारी संगठन अब सरकार से जल्द घोषणा की मांग कर रहे हैं, ताकि यह अंतर कम हो सके।



